सामिया कॉलोनी की बत्ती गुल,800 परिवार में मचा हाहाकार
-गुस्साए लोगों ने घेरा बिल्डर का आवास
-बोले:-12 घंटे से नहीं मिला पानी,जमकर हंगामा
खबर तफ्तीश ,रुद्रपुर।
हमेशा चर्चाओं में रहने वाली काशीपुर हाईवे स्थित एक कॉलोनी में रहने वाले परिवारों में उस वक्त हाहाकार मच गया। जब बिजली का बकाया बिल जमा नहीं करने पर कॉलोनी की बत्ती गुल हो गई और पानी की सप्लाई के साथ ही मुख्य मार्गो पर अंधेरा छा गया। यहां तक कि कई घरों की भी बिजली कट चुकी थी। स्थानीय बाशिंदे इसी उम्मीद के साथ धैर्य रखते रहे कि शायद कुछ देर में पानी-बिजली की सप्लाई हो जाएंगी,लेकिन रात्रि बारह बजे सब्र का बांध टूटा और स्थानीय बाशिंदे हाथों में मोबाइल की रोशनी चलाते हुए बिल्डर के घर को घेर लिया और जमकर खरी खोटी सुनाई। आरोप था कि बिल्डर की क्रियाकलाप का ही परिणाम है कि बिजली-पानी का बिल बकाया है। जिसको लेकर बिल्डर व वाशिंदों में तीखी नोकझोंक भी हुई।
बताते चले कि काशीपुर हाईवे स्थित सामिया लेक सिटी आवासीय कॉलोनी है। जो कभी धोखाधडी में चर्चाओं में रही। तो कभी अपनी कार्यशैली के कारण विवादित रही। हुआ यूँ कि वर्तमान में कॉलोनी में करीब 800 परिवार रहते है और हर कोई 500 रुपये मैटिनेस चार्ज के साथ ही बिजली का बिल भी देते है,लेकिन गुरुवार की दोपहर को अचानक घरों का पानी बंद हो गया और वाशिंदे प्यास से तरसने लगे। समय बीतता गया कि शायद पानी की सप्लाई शीघ्र ही हो जाएगी और जैसे ही सूर्य अस्त हुआ कि कॉलोनी के मुख्य मार्गो पर अंधेरा पसरने लगा और कई घरों की लाइट भी कट गई। बस क्या था रात्रि बारह बजे के करीब लोग भड़क गए और हाथों में मोबाइल की रोशनी जलाते हुए नारेबाजी शुरू कर दी और बिल्डर आसिम मलिक के घर का घेराव कर डाला। हो हल्ला सुनकर बिल्डर बाहए और फिर तीखी नोकझोंक साथ ही आरोप-प्रत्योराव का दौर शुरू हो गया। काफी जद्दोजहद के बाद बिल्डर ने आश्वासन दिया कि जल्द ही जनरेटर चालू कर पानी की सप्लाई करने का प्रयास किया जाएंगा। इस मौके पर प्रधान मंदीप वर्मा,परवेज आलम,रवि वर्मा ,विकास कक्कड़ आदि मौजूद रहे।
———————–
कोड
कॉलोनी पर है 33 लाख का बकाया
रुद्रपुर। कॉलोनी के रहने वाले स्थानीय बाशिंदों का कहना यह था कि जिस वक्त उनके द्वारा आवास आवंटित हुए थे। उस वक्त बिल्डर द्वारा यह बोला गया था कि 500 रुपये मेटिनेस चार्ज होगा और बिजली का बिल भी कब्जा धारक ही देय करेगा और ज्यादातर परिवार अपना बिजली का बिल देते है और 500 रुपये मेटिनेस का चार्ज बिल्डर को जमा करते रहे। बाद में पता चला कि कॉलोनी बिल्डर पर 13 लाख रुपये पानी और 20 लाख के करीब बिजली यूपीसीएल का बकाया है,जबकि बकाया बिल बिल्डर द्वारा जमा होना था,लेकिन जमा नहीं किया गया।
————————
कोड
बोले प्रधान:-मनमानी से परेशान है लोग
रुद्रपुर। प्रधान मंदीप वर्मा का कहना था कि उनकी ग्राम सभा में ही सामिया कॉलोनी आती है और वह भी कॉलोनी में ही रहते है। पानी सप्लाई या फिर बिजली आपूर्ति ठप लगातार जारी है। हालात यह हो चुके है कि कॉलोनी के मुख्य गेट पर कोई सुरक्षा कर्मी नहीं है। सभी सीसीटीवी कैमरे खराब हो चुके है। रात्रि में परिसर में घूमना भी खतरे से खाली नहीं है,क्योंकि झाडियो में जहरीले सांप निकल रहे है। बावजूद इसके कई बार बिल्डर से मौखिक और लिखित अवगत कराया,लेकिन बिल्डर की मनमानी से हर कोई परेशान है। यहां तक कि बिल्डर ने कॉलोनी को सोसाइटी को सौपा तक नहीं है।
——————-
कोड
बोले बिल्डर:-मेटिनेस बढ़ाने की है जरुरत
रुद्रपुर। तीखी नोकझौक के बाद कॉलोनी के बिल्डर आसिम मलिक का कहना था कि 800 परिवार में से 300 के करी ब ही लोग मेटीनेस चार्ज देते है और अब 500 रुपये से बढाकर 800 रुपये मेटिनेस चार्ज होना चाहिए। कुछ तकनीकी कारण है कि जिस वजह से कॉलोनी को सोसाइटी के हवाले नहीं किया जा सकता है। वर्तमान में स्थिति यह है कि रहने वाले परिवारों द्वारा कोई सहयोग नहीं करने के कारण सिक्योरिटी गार्ड सहित कई सुविधाएं मुहैया नहीं हो पा रही है और जल्द ही सात दिन के अंदर बिजली और पानी का बकाया जमा किया जाएंगा।